Friday, December 7, 2018

किस मानसिकता के लोग कर रहे हैं ईवीएम की मरम्मत

डा. रवीन्द्र अरजरिया के लिए इमेज परिणाम
Dr. Ravindra Arjariya Accredited Journalist pic by ANI NEWS INDIA
TOC NEWS @ www.tocnews.org

क्यों नहीं हो पाता समस्यारहित मतदान ?

सामयिक हस्ताक्षेप / डा. रवीन्द्र अरजरिया
विधानसभा चुनावों में अधिकांश मशीनें मतदान के दौरान खराब होती रहीं। छत्तीसगढ हो या मध्यप्रदेश, राजस्थान हो या तेलंगाना, शायद ही कोई राज्य या जिला ऐसा बचा हो जहां मशीनें खराब न हुई हो। मतदान रुक-रुक कर होता रहा। मतदाताओं के सब्र की परीक्षायें बार-बार ली जातीं रहीं। मरम्मत के नाम पर कभी अनजाने विशेषज्ञों का दल उन पर हाथ साफ करता रहा, तो कभी मशीनों को बदलकर काम चलाने की स्थिति निर्मित होती रही। तकनीकी खराबी के नाम पर लाइन में लगे लोगों को लम्बा इंतजार करना पडा।
मशीनों को लेकर आरोपों-प्रत्यारोपों का दौर चल निकला। अभी से अटकलों का बाजार गर्म होने लगा। एग्जिट पोल देने वालों की भी लम्बी श्रृंखला मैदान में कूद कर चौपालों की चिन्ताओं को गहराने लगीं। इन सभी परिस्थितियों के मध्य एक यज्ञ प्रश्न प्रगट होता है जिसे लगभग सभी ने अभी तक नजरंदाज ही किया है। वह है ईवीएम की मरम्मत के लिए किस संस्था की सेवायें ली जा रहीं है, उस संस्था के आला लोग किस मानसिकता के हैं,
सेवायें देने वाले तकनीकी व्यक्ति की प्रकृति क्या है, संस्था के लोग किस दल या विचारधारा से प्रभावित है, सेवायें लेने के पहले क्या संबंधित लोगों की विस्त्रित जानकारी एकत्रित की गई है, इस तरह के अनेक सवाल खडे होते है। हर चुनाव में जब मशीनों निरंतर खराब हो रहीं है, तो फिर इस समस्या के पूर्ण निदान के प्रयास क्यों नहीं किये जाते और यदि पूर्ण निदान की सम्भावना नहीं हो, तो वैकल्पिक व्यवस्था की दिशा में कोशिशें शून्य क्यों हैं। अधिकांश विकसित देशों में ईवीएम के स्थान पर मतपत्रों का उपयोग किया जा रहा है। उस पद्धति को आधुनिक तकनीक के साथ जोडकर सीसीटीवी आदि के माध्यम से ज्यादा प्रमाणित बनाया जा सकता है।
इस तरह की सभी रचनात्मक संभावनाओं को खंगाल कर सार्थक परिणामों तक पहुंचा जा सकता है। देश के निर्वाचन आयोग ने अपने जिम्मेवार अधिकारियों, विशेषज्ञों और तकनीकी सलाहकारों के साथ मिलकर अभी तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया, यह आश्चर्य की बात है। वेतन के रूप में बडी धनराशि, सुविधाओं के रूप में वातानुकूलित साधन और अधिकारों के रूप में न्यायालय के समतुल्य सीमायें प्राप्त होने के बाद भी लोकतंत्र के नवीनतम स्वरूप के निर्धारण में हर बार विवादों की लम्बी फेरिश्त सामने क्यों आती है।
कई बार तो न्यायपालिका तक को दखल देना पडता है। विधायिका के सदनों में तो इस संदर्भ में अक्सर तू-तू मैं-मैं होती ही रहती है। कार्यपालिका तो आयोग के निर्देशों का अक्षरशः पालन करने के अलावा कुछ कर ही नहीं सकती। शेष बचा जनमान्य चौथा स्तम्भ यानी पत्रकारिता, तो वह भी राष्ट्रीयस्तर पर चन्द व्यवसायिक हाथों में सीमित होकर रह गया है। धरातली सत्य को उजागर करने वालों की सुनता ही कौन है।
उसे तो मीडिया के कई बडे घराने पत्रकारिता मानने तक को तैयार नहीं होते। छोटे और मध्यम श्रेणी के समाचार पत्रों की कतरनें अब महात्वहीन होकर रह गईं है। ऐसे में मतदान से लेकर मतगणना तक आरोपों-प्रत्यारोपों का बाजार कुछ समय तक गर्म रहता है और फिर समय की मरहम के नीचे सब कुछ समाप्त हो जाता है, प्रकृति की नियत बनकर।
Dr. Ravindra Arjariya
Accredited Journalist

No comments:

Post a Comment

Popular Posts

dhamaal Posts

जिला ब्यूरो प्रमुख / तहसील ब्यूरो प्रमुख / रिपोर्टरों की आवश्यकता है

जिला ब्यूरो प्रमुख / तहसील ब्यूरो प्रमुख / रिपोर्टरों की आवश्यकता है

ANI NEWS INDIA

‘‘ANI NEWS INDIA’’ सर्वश्रेष्ठ, निर्भीक, निष्पक्ष व खोजपूर्ण ‘‘न्यूज़ एण्ड व्यूज मिडिया ऑनलाइन नेटवर्क’’ हेतु को स्थानीय स्तर पर कर्मठ, ईमानदार एवं जुझारू कर्मचारियों की सम्पूर्ण मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ के प्रत्येक जिले एवं तहसीलों में जिला ब्यूरो प्रमुख / तहसील ब्यूरो प्रमुख / ब्लाक / पंचायत स्तर पर क्षेत्रीय रिपोर्टरों / प्रतिनिधियों / संवाददाताओं की आवश्यकता है।

कार्य क्षेत्र :- जो अपने कार्य क्षेत्र में समाचार / विज्ञापन सम्बन्धी नेटवर्क का संचालन कर सके । आवेदक के आवासीय क्षेत्र के समीपस्थ स्थानीय नियुक्ति।
आवेदन आमन्त्रित :- सम्पूर्ण विवरण बायोडाटा, योग्यता प्रमाण पत्र, पासपोर्ट आकार के स्मार्ट नवीनतम 2 फोटोग्राफ सहित अधिकतम अन्तिम तिथि 30 मई 2019 शाम 5 बजे तक स्वंय / डाक / कोरियर द्वारा आवेदन करें।
नियुक्ति :- सामान्य कार्य परीक्षण, सीधे प्रवेश ( प्रथम आये प्रथम पाये )

पारिश्रमिक :- पारिश्रमिक क्षेत्रिय स्तरीय योग्यतानुसार। ( पांच अंकों मे + )

कार्य :- उम्मीदवार को समाचार तैयार करना आना चाहिए प्रतिदिन न्यूज़ कवरेज अनिवार्य / विज्ञापन (व्यापार) मे रूचि होना अनिवार्य है.
आवश्यक सामग्री :- संसथान तय नियमों के अनुसार आवश्यक सामग्री देगा, परिचय पत्र, पीआरओ लेटर, व्यूज हेतु माइक एवं माइक आईडी दी जाएगी।
प्रशिक्षण :- चयनित उम्मीदवार को एक दिवसीय प्रशिक्षण भोपाल स्थानीय कार्यालय मे दिया जायेगा, प्रशिक्षण के उपरांत ही तय कार्यक्षेत्र की जबाबदारी दी जावेगी।
पता :- ‘‘ANI NEWS INDIA’’
‘‘न्यूज़ एण्ड व्यूज मिडिया नेटवर्क’’
23/टी-7, गोयल निकेत अपार्टमेंट, प्रेस काम्पलेक्स,
नीयर दैनिक भास्कर प्रेस, जोन-1, एम. पी. नगर, भोपाल (म.प्र.)
मोबाइल : 098932 21036


क्र. पद का नाम योग्यता
1. जिला ब्यूरो प्रमुख स्नातक
2. तहसील ब्यूरो प्रमुख / ब्लाक / हायर सेकेंडरी (12 वीं )
3. क्षेत्रीय रिपोर्टरों / प्रतिनिधियों हायर सेकेंडरी (12 वीं )
4. क्राइम रिपोर्टरों हायर सेकेंडरी (12 वीं )
5. ग्रामीण संवाददाता हाई स्कूल (10 वीं )

SUPER HIT POSTS

TIOC

''टाइम्स ऑफ क्राइम''

''टाइम्स ऑफ क्राइम''


23/टी -7, गोयल निकेत अपार्टमेंट, जोन-1,

प्रेस कॉम्पलेक्स, एम.पी. नगर, भोपाल (म.प्र.) 462011

Mobile No

98932 21036, 8989655519

किसी भी प्रकार की सूचना, जानकारी अपराधिक घटना एवं विज्ञापन, समाचार, एजेंसी और समाचार-पत्र प्राप्ति के लिए हमारे क्षेत्रिय संवाददाताओं से सम्पर्क करें।

http://tocnewsindia.blogspot.com




यदि आपको किसी विभाग में हुए भ्रष्टाचार या फिर मीडिया जगत में खबरों को लेकर हुई सौदेबाजी की खबर है तो हमें जानकारी मेल करें. हम उसे वेबसाइट पर प्रमुखता से स्थान देंगे. किसी भी तरह की जानकारी देने वाले का नाम गोपनीय रखा जायेगा.
हमारा mob no 09893221036, 8989655519 & हमारा मेल है E-mail: timesofcrime@gmail.com, toc_news@yahoo.co.in, toc_news@rediffmail.com

''टाइम्स ऑफ क्राइम''

23/टी -7, गोयल निकेत अपार्टमेंट, जोन-1, प्रेस कॉम्पलेक्स, एम.पी. नगर, भोपाल (म.प्र.) 462011
फोन नं. - 98932 21036, 8989655519

किसी भी प्रकार की सूचना, जानकारी अपराधिक घटना एवं विज्ञापन, समाचार, एजेंसी और समाचार-पत्र प्राप्ति के लिए हमारे क्षेत्रिय संवाददाताओं से सम्पर्क करें।





Followers

toc news