TOC NEWS
मोगली गर्ल के नाम से मशहूर हुई बच्ची से जुड़ी सच्चाई सामने आने लगी है। उसे इलाज के लिए लखनऊ लाया गया। मेकओवर के बाद उससे पहचानना मुश्किल हो रहा था।
गौरतलब है कि मोगली गर्ल के नाम से मशहूर हुई बच्ची बहराइच के मोतीपुर रेंज में घायल मिली थी। उसे लोगों ने वनदुर्गा से लेकर मोगली तक अलग-अलग नाम दिए थे। वह मानसिक रूप से अस्वस्थ है। उसे इलाज के लिए विशेष बाल गृह लखनऊ भेज दिया गया है।
लखनऊ में बच्ची का इलाज होगा। लखनऊ में मेकओवर के बाद उसे पहचानना मुश्किल हो रहा था। इस दौरान वो अपनी हरकतों से लोगों के बीच कौतूहल का भी विषय बनी रही। (लखनऊ के इंदिरानगर स्थित निर्माण अस्पताल में बच्ची।)
इस हालत में थी मोगली।
मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉ. डीके सिंह, वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. केके वर्मा और चाइल्ड लाइन के निदेशक डॉ. जीतेंद्र चतुर्वेदी ने बाल कल्याण समिति के समक्ष वन दुर्गा की रिपोर्ट पेश की। रिपोर्ट का अध्ययन करने के बाद बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष डॉ. राधेश्याम वर्मा ने समिति के सदस्यों से विचार विमर्श करके वन दुर्गा को इलाज और देखभाल के लिए लखनऊ के जानकीपुरम में स्थित विशेष बाल गृह ले जाने की अनुमति दे दी।

अस्पताल में भर्ती वन दुर्गा के परिवार का पता नहीं चल सका है।
बालगृह लखनऊ के जानकीपुरम में है। इसका संचालन दृष्टि सामाजिक संस्था द्वारा किया जाता है। यह सेंटर खासतौर से मंदबुद्धि बालक और किशोरवय के लिए ही स्थापित है।

बहराइच के कतर्नियाघाट सेंक्चुरी के डीएफओ जीपी सिंह ने बताया था कि 20 जनवरी को सड़क किनारे लहूलुहान हालत में बच्ची मिली थी।
कुछ दूरी पर तीन-चार बंदर हमला करने की योजना बना रहे थे। उसी समय खपरा वन चौकी के वाचर गश्त करते हुए निकले। उन्होंने बंदरों को भगाकर किशोरी को सुरक्षित किया। इस दौरान गांव के लोग भी पहुंच गए थे। पुलिस को बुलवाकर किशोरी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। (लखनऊ के इंदिरानगर स्थित निर्माण अस्पताल में बच्ची।)


No comments:
Post a Comment